रांची। सदर अस्पताल रांची में मंगलवार को मरीजों की सुरक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता सुनिश्चित करने की बात पर एक दिवसीय पेशेंट सेफ्टी अवेयरनेस कार्यशाला का आयोजन किया गया।
कार्यशाला की थीम प्रत्येक मरीज के लिए सुरक्षित स्वास्थ्य सेवा रखी गई। कार्यशाला में मरीजों की सही पहचान, दवा सुरक्षा, संक्रमण नियंत्रण, प्रभावी संचार, सुरक्षित सर्जरी और अग्नि सुरक्षा जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा हुई।
इस अवसर पर राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अभियान निदेशक शशि प्रकाश झा ने दवा देने के सात सुरक्षा मानकों पर जोर देते हुए कहा कि सही मरीज, सही दवा, सही खुराक, सही माध्यम, सही समय, सही रिकॉर्ड और सही प्रतिक्रिया सुनिश्चित करना जरूरी है। उन्होंने सुरक्षित पेयजल और आपातकालीन नंबरों की उपलब्धता पर भी बल दिया।
मौके पर डॉ प्रभात कुमार ने कहा कि मरीजों की सुरक्षा 365 दिनों की सतत प्रक्रिया है। अस्पतालों में राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानकों (एनक्यूजएएस) का पालन, एंटी-स्किड टाइल्स और अग्नि सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित होनी चाहिए। वहीं सिविल सर्जन डॉ अमरेंद्र प्रसाद ने चिकित्सा प्रोटोकॉल के पालन को मरीजों को संभावित नुकसान से बचाने के लिए जरूरी बताया। इस दौरान प्रदीप पोंकारी ने अग्नि सुरक्षा और आपातकालीन बचाव का प्रशिक्षण दिया।
कार्यशाला में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अभियान निदेशक शशि प्रकाश झा, उप निदेशक स्वास्थ्य सेवाएं और राज्य नोडल पदाधिकारी डॉ प्रभात कुमार और सिविल सर्जन रांची डॉ अमरेंद्र प्रसाद सहित स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद थे।







